चाय पिने के 31 फायदे और नुकसान – Tea Benefits & Side Effects in Hindi

Drinking Tea Benefits & Chai Pine Ke Fayde in Hindi

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Tea Benefits in hindi me – चाय जिसे हमें रोजाना दिन में करीबन 2-3 बार तो पीते ही हैं. क्या आप जानते हैं की जिस चाय को आलस्य मिटने वाली समझते हैं वह कितना नुक्सान करती हैं. यह हमारे शरीर में Stomach में जाने के बाद जहर का काम करती हैं. है लेकिन इससे फायदे भी उतने ही हैं, जितने की नुकसान. वैसे तो हर चीज ही जितना लाभ देती हैं उतना ही Side Effect भी करती हैं.

इस लेख में चाय पिने से होने वाले नुकसान (Side Effects), फायदे Herbal Tea और Green Tea kaise banaye और चाय के Gharelu Nuskhe इन सब के बारे में बारी-बारी से लिखा हैं.

Tea Health Side Effect Chai Ke Nuksan

  • Tea health benefits and side effects

एक कप चाय में 4 ग्राम Tannin होता है। जो आपके शरीर में जहर का काम करता है, एक कप चाय को आप कुछ समय पडे रहने दीजिए एक दो घंटे बाद उसकी स्थिति देखिए कि उपर की Nicotine की परत के नीचे काली चाय होगी, रंग में परिवर्तन कितना हो जायेगा इस प्राकृतिक शरीर में जाकर ठीक यह दषा उस चाय की होती है।

आप उंगली से चाय की परत को देखें कितनी चिपचिपी और मोटी होती है जो आंतों मं विकार उत्पन्न करती है। देखिए चाय कितना नुकसान करती है। चाय से ताजगी का भ्रम मात्र होता है। इसलिये चाय पीने की आदत नहीं डालें, रोजाना चाय पीने की आदत होने पर चाय बहुत हानि पहूंचाती है। यह पाचनशक्ति कम करती है , रक्त जलाकर शरीर को सुखाती है। chai ke fayde

Chai Pine Se Hone Wale Nuksan

  • ज्यादा चाय पीने से दिल की धडकन बडती है और दिल की बीमारी की संभावना रहती है।
  •  (Tea) चाय पेट में Acidity बढाती है।
  • चाय (Tea) से कभी-कभी नासुर हो जाता हैं।
  • चाय आतों को और अमाषय को खराब करती है।
  • यह भूख खराब करती हैं, निंद उड जाती है।
  • अगर आप चाय पीना चाहते हो तो एक या दो बार से ज्यादा मत पीजिए।
  • चाय को खासकर खाली पेट कभी न पीयें।
  • चाय का दुष्प्रभाव कम करने के लिए एक कप चाय पीने के थोडी देर बाद 5 कप शुद्ध पानी पीना चाहिए।
  • भूख न लगना (Tea Side Effects On Stomach)
  • चाय बहुत ज्यादा देर तक उबालने से इसमें टैनिन नामक रसायन निकलता है जो पेट की भीतरी दिवार पर जमा हो जाता है और भूख लगना बंद कर देता है।
  • वात रोगियों के लिए चाय हानिकारक

chai kab piye

चाय युरिक अम्ल बढाती है। युरिक अम्ल से गठिया जोडों की सुजन बडती है और वात रोगीयों को चाय कम से कम पीना चाहिए।
हडडी और जोड़ों के दर्द को बढ़ाती हैं

ज्यादा चाय पीने से हडीयों के जोडों में दर्द, दांतो का पीलापन, अवसाद तनाव जैसी बीमारीयों हो सकती है। चाय के प्यालें में 18.13 PPM फलोराइड होता हैं, जबकि विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक 1.5 PPM फलोराइड ही अछि सेहत के लिए काफी होता है। फलोरेसिस के अत्यधिक सेवन से हडियों के जोडो जैसी शिकायत होना आम बात है।
अनिद्रा (Nind kam Aane Lagti Hai)

नशीली दवा खाने वालों के लिए

चाय नुकसान दायक होती है। ऐसे मेे अगर रोगी चाय पीये तो रोग ज्यादा गंभीर बन सकता है। चाय पीने से नींद तो कम आती ही है, अम्लपित्त और परिणाम शूल रोगीयों के लिए भी हानिकारक होती है।
Caffeine in Tea (कैफीन से नुकसान )

चाय, काॅफी एक परंपरा सी बन गयी है। वैज्ञानिकों ने कहा हैं कि चाय काॅफी में पाये जाने वाला कैफिन व्यक्ति में काम करने की क्षमता कम कर देता है। 3 कप काॅफी और एक कपच चाय में 350 मिलीग्राम कैफिन होता हैं और इतनी मात्रा में कैंफिन का सेवन व्यक्ति में तनाव को बढा सकता है। साथ ही किसी काम में मन नहीं लगाने जैसी स्थिति पैदा कर देता हैं |

Now Read Tea Benefits Chai Pine Ke Fayde

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गुर्दों की सफाई करती हैं

चाय गुर्दो के रोग और संक्रमण रोकने में मदद करती है। एक कप पानी में आधा चम्मच बडे दानों वाली चाय की पत्ती डालकर उबालें, आधा पानी रहने पर छांन लें और इसमें आधा कप ठंडा पानी मिलाकर भूखे पेट दस दिन तक पीयें।

इस चाय को पीने के बाद 45 मिनट तक कुछ भी नहीं खायें पीयें। बिना दूध चीनी के चाय का उबला पानी काली चाय कहलाता है। बताई गयी विधि के हिसाब से काली चाय पीने से गुर्दे साफ होते है। स्वस्थ व्यक्तियों को भी तीन माह में एक बार सात दिन तक यह चाय पीने से फायदे होते हैं।

जुकाम सिर दर्द, खांसी, बुखार में फायदे

Chai ke achuk fayde – अगर यह ठंड से हो, आंख नांक से पानी निकलता हो, पतला झगदार श्लेष्मा नांक से निकलता हो तो चाय पीना फायदेमंद होता हैं। इससे ठंड दूर होकर पसीना आता हें और सर्दी में आराम मिलता है। अगर जुकाम खुष्क हो, कफ गाढा, पीला बदबूदार हो तो चाय पीना हानिकारक होता है।
चाय पेषाब अधिक लाती हे। जहां पेशाब करना ज्यादा जरूरी हो वहां चाय पीयें।

दस्त (मरोड देकर आने वाले दस्त)

एक चम्मच चाय की पत्ती और चौथाई चम्मच नमक दोनों पीसकर इसके तीन भाग करके दिन में तीन बार गर्म पानी से खायें, ऐसा रोजाना करने से मरोडी देकर आने वाले दस्त में लाभ होता है।

सूजन कम करने का नुस्खा

चाय के पानी से सेंक करने से सुजन उतर जाती है। चाय त्वचा में सुखापन खुष्की लाती है जिससे सुखी खुजली चलती है त्वचा सख्त होती हैं।

Cholesterol (ह्रदय रोगियों के लिए)

चाय पीने से हदय रोग का खतरा कम हो जाता हैं। चाय रक्त में Cholesterol की मात्रा कम कर देती है। चाय में Polifenole पाया जाता है जो Low Cholesterol को सामान्य बनाये रखने में लाभदायक होता है।

बवासीर में लाभ देती हैं

चाय की पत्तियों को पानी में पीसकर गर्म करें। फिर गर्म-गर्म पीसी हुई चाय का बवासीर पर लेप करें इससे अर्श का दर्द दूर हो जाता है।
स्फूर्तिदायक होती हैं चाय

चाय Nervous System को उत्तेजित कर स्फूर्ति देती है। इसलिए सिर्फ थकान होने पर ही पीयें।

तनाव दूर करती हैं

एक लिमिट में चाय या काॅफी पीने से नुकसान नहीं होता। जब भी आप ज्यादा तनाव में हो, सिरदर्द होतो एक कप चाय पीने से लाभ होगा।
चाय वनस्पति कुल की दवा है। रोजाना पीने के लिए नहीं । यह जरुरत के हिसाब से पीने पर फायदेमंद होती है। यह ठंडी जलवायु और ठंडी प्रकृति वालों के लिए ज्यादा फायदेमंद होती हे। भूखे पेट पीने से यह पाचनशक्ति खराब करती हैं और सोते समय पीने से नींद कम आती है.

मूलहटी और चाय

मूलहटी शकर से 50-60 गुना ज्यादा मिठी होती है। मूलहटी दमा, ऐथेलिटस फुट, गंजापन, शरीर की दूर्गंध, नासुर, थकान, अवसाद, सर्दी, कफ, मसुडों की सडन, दातों की खराबी, हदय की जलन, छाले, गले का दर्द, टीबी और प्राटेस्ट ग्रंथि में फायदेंमंद होती हे।

अष्वगंधा देगा लाभ

चाय में अष्वगंधा का पावडर डालें, अष्वगंधा इसमे Antioxidant गुण भर देगा। इससे आपकी मानसिक शक्ति ताजा रहेगी, संक्रमण से बचे रहेंगे। साथ ही यौनशक्ति का आनन्द भी लेते रहेंगे क्योंकि यह प्रजनन शक्ति बढ़ाता हैं |

धूप से बचाव (Dhunp Se Bachayegi)

चाय में टेनिन पाया जाता हैं। यह अल्टावयलेट किरणों (Ultraviolet Rays) को ग्रहण करता हैं। चाय की पत्तियों को सादे पानी में उबालकर चेहरा धोंये यह Sunscreen जैसा काम करता है। और चमड़ी पर Ultraviolet Rays के Effects नहीं होने देता हैं।

प्रसव पीड़ा (For Pregnant Women)

चाय में केसर डालकर पीने से प्रसव पीढा कम होती है। बच्चा आसानी से हो जाता हैं।

जलन आग से जला हुआ अंग

किसी भी तरह अंग जल गया हो, झुलस गया हो तो चाय के उबलते हुए पानी को ठंडा करके उसमें साफ कपडा भिगोकर जले हुए अंग पर पटटी बांधे यह पटटी बार-बार बदलते रहे। इससे जले हुए अंगो में फफोले नही पडेगे। चमड़ी पर जलने के निषान भी नहीं रहेगे।

पेचिश के रोगियों के लिये

बालों में Polifenole element पाया जाता हैं। जो पेचिश के किटाणुओं को ख़त्म करता है। पेचिश के रोगी चाय पी सकते हें। इससे लाभ होगें।

केंसर रोगियों के लिये रामबाण हैं

चाय केंसर में फायदेमंद होती है। चाय के पौधे केमेलिया सीमेंसिस के फलों और सब्जियों में पाये जाने वाले रसायन पाली, फिनोल, ज्यादा मात्रा में पाया जाता है जो इन महारोगों को ख़त्म करने में रामबाण सिद्ध होता है।

बालों में चमक (Beneficial For Hair)

बालों में ज्यादा देर तक Shampoo लगाये रखने से रूसी कम होने के बजाय बडती है। चाय के पानी से बाल धोने से बाल गिरना बंद हो जाते हैं।
चाय पत्ती उबालकर उसके पानी को छानकर फ्रिज में रख लें बालों को धोने के बाद इस पानी को Conditioner की तरह लगायें। इससे बालों में चमक बढेगी।

निंबू की चाय कैसे बनाये (Nibu Ki chai Ke Fayde)

निंबू की फांके काट लें और बर्तन में रख दें फिर चाय का पानी डालकर 5 मिनट ढंक दें फिर दूध चीनी डालें यह नीबू की चाय बन गयी, पीने के लिए तैयार है।

हर्बल टी कैसे बनाये (जडी बुटियों की चाय) Herbal Tea

चाय में केफिन होता है। तनाव भरी जिंदगी में बिना केफिन वाली चाय फायदेमंद होती है। हर्बल टी केफिन रहित चाय होती है। इस चाय में अदरक, अष्वगंधा, मूलहटी और इलायची आदि चीजें इसे सबसे ज्यादा स्वास्थ्य वर्धक चाय बना देती है। आप इन चारों चीजों की चाय बनाकर पीयें, यह आपको स्वस्थ और प्रसन्न बनायें रखेगी।

चाय के घरेलू उपयोग।

  • चाय की पत्तियों को एकाध घंटे तक पानी में उबालकर शीशे में बंद करके रख लिजिए वार्नीष वाला फर्नीचर दरवाजे साफ करने के लिए यह बहुत अच्छा काम करेगा।
  • बारिश में माचिस को चाय पत्ती के डिब्बे में रखने से उसमें सीलन नहीं आयेगी।
  • बिना शकर की चाय पत्तियां गुलाब के पौधे के लिए एक अच्छा खाद है। उबली हुई चाय की पत्तियों को फर्नीचर पर रगडने से फर्नीचर का मेल छुट जाता हे।
  • रसोई मे मख्खी मच्छर हो जाये तो चाय बनाने के दौरान चाय की पत्ती को अंगेठी मे डालकर धुआ कर दीजिए।
  • चाय की गिली पत्तीयों में थोडा सा चुना मिलाकर दर्पण या शीशों पर मलकर कुछ देर सुखे कपडे से साफ करने पर उसमे चमक आयेगी।
  • चाय की बची हुई पत्तीयों में एक चुटकी बर्तन धोने का पावडर मिलाकर बर्तनों पर रगडने से साफ हो जायेगे।
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  1. Mahesh Yadav

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